भंवर सिंह शेखावत को सहकारिता विभाग की जिम्मेदारी, अरुण यादव और गोविंद सिंह सहित चार सदस्यीय समिति गठित
भोपाल। मध्यप्रदेश में सहकारी आंदोलन को पुनर्जीवित और मजबूत करने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी ने चार सदस्यीय संचालन समिति का गठन किया है। मंगलवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में सहकारिता क्षेत्र की वर्तमान स्थिति और भविष्य की रणनीति को लेकर चर्चा की गई।
बैठक में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी की मौजूदगी में सहकारी आंदोलन को प्रभावी बनाने के लिए समिति के गठन और संगठनात्मक विस्तार पर विचार-विमर्श किया गया।
कांग्रेस ने सहकारिता को ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताया
बैठक में कहा गया कि मध्यप्रदेश में सहकारी आंदोलन ने लंबे समय तक किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों में सहकारी संस्थाओं को फिर से प्रभावी बनाने और किसानों के हितों से जोड़ने की आवश्यकता है।
भंवर सिंह शेखावत बने सहकारिता विभाग के अध्यक्ष
बैठक में विधायक भंवर सिंह शेखावत को मध्यप्रदेश कांग्रेस सहकारिता विभाग के अध्यक्ष पद के लिए स्वीकृति प्रदान की गई।
इसके साथ ही सहकारी आंदोलन के संचालन और विस्तार के लिए चार सदस्यीय संचालन समिति बनाई गई है। इसमें शामिल हैं—
पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष अरुण यादव
पूर्व नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह
विधायक भंवर सिंह शेखावत
समिति के समन्वय संयोजक चंद्रिका प्रसाद द्विवेदी
प्रदेशभर में सहकारिता से जुड़े लोगों से करेगी संवाद
बैठक में निर्णय लिया गया कि संचालन समिति प्रदेश के सहकारी आंदोलन से जुड़े वरिष्ठ पदाधिकारियों, विशेषज्ञों और कार्यकर्ताओं से संपर्क करेगी। इसके बाद एक विस्तृत बैठक आयोजित कर सहकारिता क्षेत्र को मजबूत करने के लिए कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
इस कार्ययोजना में किसानों के हितों की रक्षा, सहकारी संस्थाओं को प्रभावी बनाने और प्रदेश में सहकारिता के विस्तार जैसे विषयों को शामिल किया जाएगा।
सहकारिता की मूल भावना को मजबूत करने का दावा
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि कांग्रेस सहकारिता की मूल भावना को पुनर्स्थापित करने और किसानों, ग्रामीणों तथा सहकारी संस्थाओं को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में सहकारी आंदोलन को मजबूत करने के लिए प्रदेश स्तर पर अभियान चलाया जाएगा।
बैठक में विधायक भंवर सिंह शेखावत, डॉ. गोविंद सिंह, चंद्रिका प्रसाद द्विवेदी, धीरेंद्र गौर और समस्त प्रकोष्ठों के प्रभारी महेंद्र चौहान उपस्थित रहे। पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव और राज्यसभा सांसद अशोक सिंह ने दूरभाष के माध्यम से बैठक में सहभागिता कर सुझाव दिए।
(नोट: यह समाचार कांग्रेस द्वारा जारी जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। पार्टी के दावों पर संबंधित पक्ष का आधिकारिक पक्ष उपलब्ध होने पर उसे भी शामिल किया जा सकता है।)