एम्स भोपाल में सर्जिकल ऑन्कोलॉजी सेमिनार श्रृंखला का शुभारंभ, कैंसर उपचार में AI और प्रिसिजन सर्जरी पर विशेषज्ञों का मंथन
भोपाल। एम्स भोपाल के सर्जिकल ऑन्कोलॉजी विभाग ने “सीरीज़ सेमिनार्स ऑन सर्जिकल ऑन्कोलॉजी” का शुभारंभ किया। उद्घाटन समारोह में कार्यपालक निदेशक एवं सीईओ प्रो. (डॉ.) माधवानन्द कर ने कैंसर उपचार में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डीप लर्निंग, रेडियोमिक्स और प्रिसिजन सर्जरी की बढ़ती भूमिका पर मुख्य व्याख्यान दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन और सरस्वती वंदना से हुई। विभागाध्यक्ष डॉ. विनय कुमार ने सेमिनार श्रृंखला के उद्देश्य बताते हुए कैंसर उपचार में नवाचार और बहुविषयक सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया। प्रो. (डॉ.) शिखा मलिक ने कहा कि समय पर निदान, शोध आधारित चिकित्सा और विभिन्न विशेषज्ञताओं का समन्वय बेहतर उपचार परिणाम सुनिश्चित करता है।
मुख्य व्याख्यान में प्रो. (डॉ.) माधवानन्द कर ने बताया कि इमेज आधारित विश्लेषण, कंसोलिडेशन-टू-ट्यूमर रेशियो (CTR), डीप लर्निंग आधारित कॉन्वोल्यूशनल न्यूरल नेटवर्क (CNN), रेडियोमिक्स, एक्स-वीवो लंग परफ्यूजन और AI-सक्षम मेटावर्स जैसी आधुनिक तकनीकें कैंसर के निदान, सर्जिकल निर्णय और प्रशिक्षण को नई दिशा दे रही हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में एआई-सहायता प्राप्त निर्णय प्रणाली और रोगी-केंद्रित उपचार ऑन्कोलॉजी सेवाओं की पहचान बनेंगे।
कार्यक्रम में प्रो. (डॉ.) वैशाली वाल्के, प्रो. (डॉ.) शिखा मलिक, डॉ. राजेश मलिक, डॉ. मनीष गुप्ता सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ संकाय सदस्य उपस्थित रहे। समापन पर प्रो. डॉ. सैकत दास ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इसके बाद आयोजित वैज्ञानिक सत्रों में विशेषज्ञों ने उन्नत सर्जिकल तकनीकों, थोरैसिक ऑन्कोलॉजी, एआई-सहायता प्राप्त निदान और रेडियोमिक्स पर व्याख्यान दिए।