347 अतिक्रमण चिन्हित, शेष निर्माणों पर भी होगी कार्रवाई; प्रशासन ने कहा- 2022 के बाद हुए अवैध निर्माण नहीं छोड़े जाएंगे
भोपाल। भोपाल की जीवनरेखा मानी जाने वाली बड़ी झील के कैचमेंट एरिया से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई अब तेज कर दी गई है। जिला प्रशासन और नगर निगम की संयुक्त टीम ने अब तक 347 चिन्हित अतिक्रमणों में से 58 को हटाया है, जबकि शेष अतिक्रमणों पर चरणबद्ध कार्रवाई की जा रही है। सोमवार को प्रशासन का अगला अभियान बोट क्लब क्षेत्र में प्रस्तावित है, जहां कई व्यावसायिक निर्माण प्रशासन की कार्रवाई के दायरे में हैं।
बोट क्लब क्षेत्र में 26 दुकानों पर कार्रवाई की तैयारी
जिला प्रशासन के अनुसार, सोमवार सुबह 11 बजे कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के निर्देश पर गठित टीम नगर निगम और पुलिस बल के साथ बोट क्लब क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने पहुंचेगी।
प्रशासन द्वारा कराए गए सर्वे के बाद नगर निगम के फूड जोन में बनी 26 दुकानों को हटाने के लिए बेदखली आदेश जारी किए गए हैं। इसके अलावा सर्वे में जॉक रेस्टोरेंट, लहर रेस्टोरेंट और विंड्स एंड वेव्स (यदि अभिलेखों में यही नाम दर्ज है) के कुछ हिस्से भी कार्रवाई के दायरे में बताए गए हैं।
16 मार्च 2022 के बाद हुए निर्माणों पर विशेष फोकस
टीटी नगर की एसडीएम अर्चना शर्मा और तहसीलदार कुनाल राऊत ने बताया कि 16 मार्च 2022 के बाद बड़ी झील के कैचमेंट क्षेत्र में किए गए सभी अवैध निर्माणों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्रवाई में किसी प्रकार का भेदभाव नहीं होगा और नियमों का उल्लंघन करने वाले सभी निर्माणों पर समान रूप से कार्रवाई की जाएगी।
एनजीटी के निर्देशों के बाद तेज हुई कार्रवाई
प्रशासन ने फरवरी में बड़े पैमाने पर सीमांकन कर 347 अतिक्रमणों की पहचान की थी। इनमें टीटी नगर और बैरागढ़ क्षेत्र से लगे बड़ी झील के कैचमेंट क्षेत्र के निर्माण शामिल हैं।
अधिकारियों के अनुसार, अब तक 58 अतिक्रमण हटाए जा चुके हैं, जबकि शेष चिन्हित निर्माणों पर भी क्रमबद्ध कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि कैचमेंट क्षेत्र में लगातार बढ़ते अतिक्रमणों के कारण झील में सीवेज और अन्य प्रदूषक पहुंच रहे हैं, जिससे जल गुणवत्ता और जलीय पारिस्थितिकी पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।
नोटिस और सुनवाई के बाद हो रही कार्रवाई
तहसीलदार कुनाल राऊत ने बताया कि कार्रवाई से पहले संबंधित क्षेत्रों का सीमांकन किया गया। इसके बाद सभी संबंधित पक्षों को नोटिस जारी किए गए और नियमानुसार सुनवाई का अवसर भी दिया गया।
उन्होंने बताया कि शहरी क्षेत्र में फुल टैंक लेवल (एफटीएल) से 50 मीटर तथा ग्रामीण क्षेत्र में 250 मीटर के दायरे में आने वाले अवैध निर्माण कार्रवाई के दायरे में हैं। प्रशासन के अनुसार, जिन निर्माणों पर कार्रवाई की जा रही है, उनके लिए आवश्यक वैधानिक निर्माण अनुमति उपलब्ध नहीं है।
बैरागढ़ क्षेत्र में भी जल्द शुरू होगा अभियान
टीटी नगर क्षेत्र के बाद प्रशासन बैरागढ़ तहसील में भी अतिक्रमण हटाने की तैयारी कर रहा है। खानूगांव, हलालपुर, भैंसाखेड़ा और भौंरी सहित कई क्षेत्रों में कैचमेंट एरिया के भीतर बने मैरिज गार्डन, होटल, रेस्टोरेंट, औद्योगिक इकाइयों और अन्य निर्माणों का सर्वे किया जा चुका है।
बैरागढ़ तहसीलदार हर्ष विक्रम सिंह ने बताया कि पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध होते ही इस क्षेत्र में भी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की जाएगी।
प्रशासन का पक्ष
एसडीएम अर्चना शर्मा ने कहा कि बड़ी झील के कैचमेंट क्षेत्र में बिना अनुमति किए गए अवैध निर्माणों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। जिन मामलों में न्यायालय से स्थगन आदेश (स्टे) प्राप्त है, वहां फिलहाल कार्रवाई नहीं की जा रही है।
वहीं कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने कहा कि जिला प्रशासन और नगर निगम की संयुक्त टीम बिना किसी भेदभाव के बड़ी झील के कैचमेंट क्षेत्र से सभी अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए प्रतिबद्ध है। कार्रवाई पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए की जा रही है।