नेपाल सीमा पर साधु बनकर छिपा था चोरी का आरोपी, 11 साल बाद गांव लौटते ही पुलिस ने दबोचा

गुना के बीनागंज चोरी मामले में स्थायी वारंट था जारी, पहचान छिपाने के लिए बढ़ा ली थी दाढ़ी
गुना। मध्य प्रदेश के गुना जिले में चांचौड़ा पुलिस ने 11 साल से फरार चल रहे चोरी के आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी कानून से बचने के लिए नेपाल सीमा के पास साधु का भेष बदलकर रह रहा था। शुक्रवार रात अपने गृह गांव लौटने पर मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया।
पुलिस के मुताबिक यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक हितिका वासल के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे वारंटी धरपकड़ अभियान के तहत की गई। गिरफ्तार आरोपी की पहचान 50 वर्षीय घनश्याम शिल्पकार निवासी बरवटपुरा, बीनागंज के रूप में हुई है।
2015 से था फरार
पुलिस के अनुसार घनश्याम वर्ष 2015 से फरार चल रहा था। बीनागंज चोरी के मामले में उसके खिलाफ चांचौड़ा न्यायालय से स्थायी वारंट जारी था। इसके अलावा सड़क दुर्घटना से जुड़े एक मामले में ग्वालियर हाईकोर्ट से भी उसके खिलाफ जमानती वारंट जारी बताया गया है।
पुलिस जांच में सामने आया कि फरारी के दौरान आरोपी ने अपनी पहचान छिपाने के लिए दाढ़ी बढ़ा ली थी और नेपाल में काठमांडू के पास स्थित चिड़ियाला माता मंदिर में साधु के भेष में रह रहा था।
गांव पहुंचते ही पुलिस ने घेरा
पुलिस के अनुसार आरोपी शुक्रवार रात चोरी-छिपे अपने गांव बरवटपुरा पहुंचा था। इसी दौरान मुखबिर से पुलिस को उसके गांव आने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही चांचौड़ा पुलिस की टीम ने घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस ने बताया कि लंबे समय से फरार वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए अभियान आगे भी जारी रहेगा।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी दिलीप राजौरिया, प्रधान आरक्षक हरिसिंह सेन, सुनील रघुवंशी तथा आरक्षक कपिल शर्मा और राजेश केवट की भूमिका रही।





