भोपाल। राजधानी भोपाल में 21 जून को आयोजित होने वाली नीट यूजी-2026 परीक्षा को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। परीक्षा के सफल, निष्पक्ष और पारदर्शी आयोजन के लिए कलेक्टर ने गुरुवार को संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कलेक्टर ने अधिकारियों को सख्त लहजे में कहा कि नीट जैसी महत्वपूर्ण राष्ट्रीय परीक्षा का आयोजन पूरी जिम्मेदारी और निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार किया जाना चाहिए। ड्यूटी में तैनात अधिकारी और कर्मचारी अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरता से निर्वहन करें। किसी भी प्रकार की लापरवाही सामने आने पर संबंधित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
32 परीक्षा केंद्रों पर होंगी व्यवस्थाएं
भोपाल में नीट यूजी-2026 परीक्षा के लिए कुल 32 परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए हैं। इन केंद्रों पर अभ्यर्थियों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने विभिन्न व्यवस्थाओं की समीक्षा की।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि सभी परीक्षा केंद्रों पर समय से पहले मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित कर ली जाएं। इनमें सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, पेयजल उपलब्धता, निर्बाध विद्युत आपूर्ति, स्वास्थ्य सुविधाएं और अन्य आवश्यक इंतजाम शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि परीक्षा का शांतिपूर्ण और व्यवस्थित संचालन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और किसी भी समस्या का तत्काल समाधान सुनिश्चित करें।
प्रश्नपत्र सुरक्षा और फ्रिस्किंग व्यवस्था की समीक्षा
बैठक में परीक्षा सामग्री और प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को लेकर भी विस्तार से चर्चा की गई। कलेक्टर ने प्रश्नपत्रों के सुरक्षित परिवहन, भंडारण और वितरण के लिए निर्धारित सुरक्षा प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने परीक्षा केंद्रों पर दो-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू करने, पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती, महिला अभ्यर्थियों के लिए अलग फ्रिस्किंग व्यवस्था और परीक्षा केंद्रों पर भीड़ नियंत्रण की प्रभावी योजना तैयार करने को कहा।
प्रशासन का उद्देश्य है कि नीट यूजी-2026 परीक्षा में सभी अभ्यर्थियों को सुरक्षित, निष्पक्ष और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराया जाए, जिससे परीक्षा प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता के साथ संपन्न हो सके।