बस्ती: प्राइमरी स्कूल के शिक्षक का शर्मनाक कारनामा, लड़कियों के नहाने की जगह चोरी से लगाया CCTV कैमरा, मामला पोस्को एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग

बस्ती (उत्तर प्रदेश)। उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के सोनहा थाना क्षेत्र के चिरई बाधा गांव से एक बेहद शर्मनाक मामला सामने आया है, जिसने पूरे क्षेत्र में आक्रोश फैला दिया है। यहां एक प्राइमरी स्कूल के शिक्षक, अली आजम, पर लड़कियों की निजता भंग करने का गंभीर आरोप लगा है। आरोप है कि आरोपी शिक्षक ने लड़कियों के नहाने की जगह चोरी-छिपे CCTV कैमरा लगाया था, ताकि वह उन पर नजर रख सके।
शिकायत के बाद पुलिस ने कैमरा किया बरामद
जैसे ही घटना की जानकारी मिली, स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर संदिग्ध CCTV कैमरा बरामद कर लिया। प्रारंभिक पूछताछ में यह साफ हुआ कि कैमरा लगाने का काम खुद शिक्षक अली आजम ने किया था, जो लंबे समय से छात्राओं पर गलत नजर रख रहा था।
शांति भंग में मात्र चालान, गंभीर धाराओं की अनदेखी
चौंकाने वाली बात यह है कि इतने गंभीर मामले के बावजूद पुलिस ने अभी तक आरोपी के खिलाफ केवल शांति भंग की मामूली धारा में चालान कर कार्यवाही की है। अब तक आरोपी शिक्षक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) जैसी कड़ी धाराओं में मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है। सवाल उठ रहे हैं कि जब मामला नाबालिग बच्चियों की निजता और शोषण से जुड़ा है, तो फिर पॉक्सो एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं के तहत कड़ी कार्रवाई क्यों नहीं हो रही?
ग्रामीणों ने की सख्त कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों और अभिभावकों का कहना है कि ऐसे शिक्षक समाज पर कलंक हैं और उन पर सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि आरोपी पर पॉक्सो एक्ट, आईटी एक्ट, और धारा 354 (छेड़छाड़) जैसी संगीन धाराओं के तहत केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया जाए, ताकि अन्य लड़कियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
पुलिस की भूमिका पर उठे सवाल
इस घटना के बाद पुलिस की भूमिका भी सवालों के घेरे में है। परिजन और स्थानीय संगठनों ने आरोप लगाया है कि आरोपी को बचाने की कोशिश की जा रही है। यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्र में बड़ा आंदोलन खड़ा किया जा सकता है।





