
डोंगरगढ़ (छत्तीसगढ़), । छत्तीसगढ़ की धार्मिक नगरी डोंगरगढ़ में पाखंडी बाबा तरुण अग्रवाल उर्फ सोनू के तथाकथित “योग आश्रम” में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है। इस कार्यवाही में बाबा के पास से 2 किलो गांजा, सेक्स टॉयज, नशीली गोलियां, वियाग्रा टैबलेट्स और इंजेक्शन बरामद हुए हैं।
योगगुरु की आड़ में चल रहा था नशा और शोषण का अड्डा
तरुण अग्रवाल बीते 20 साल तक गोवा में रहा और वहां विदेशी पर्यटकों को योग सिखाने का दावा करता रहा। गोवा से लौटने के बाद पिछले डेढ़ साल से डोंगरगढ़ में खुद को ‘जटाधारी अंतरराष्ट्रीय योगगुरु’ बताकर एक आश्रम की आड़ में युवाओं को निशाना बना रहा था।
रात में लगती थी भीड़, युवतियों का होता था जमावड़ा
स्थानीय लोगों की शिकायत के अनुसार, बाबा के आश्रम में रात होते ही युवतियों का जमावड़ा लगने लगता था। आश्रम में होने वाली गतिविधियां लगातार लोगों के संदेह के घेरे में थीं। आखिरकार पुलिस को गुप्त सूचना मिली, जिसके बाद छापेमारी की गई और आश्रम की काली सच्चाई सामने आ गई।
पुलिस की कार्रवाई और आगे की जांच
पुलिस ने आश्रम से आपत्तिजनक सामग्री जब्त करने के साथ ही बाबा को हिरासत में ले लिया है। फिलहाल उससे गहन पूछताछ की जा रही है कि नशे और यौन शोषण के इस रैकेट में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि वह गोवा की तर्ज पर छत्तीसगढ़ में भी फैंसी योग और नाइटलाइफ़ का नेटवर्क खड़ा करना चाहता था।
यह घटना न केवल एक पाखंडी बाबा का पर्दाफाश है, बल्कि यह समाज को जागरूक करने की चेतावनी भी है कि किस तरह आध्यात्म की आड़ में युवाओं को गुमराह किया जा रहा है। जांच जारी है। पुलिस आने वाले दिनों में और भी खुलासे कर सकती है।





