अमरपाटन/मैहर। अमरपाटन की एसडीओपी ख्याति मिश्रा और कटनी के व्यवसायी सोमेश शर्मा के कथित व्यावसायिक संबंधों को लेकर शिकायत सामने आई है। शिकायतकर्ता ने मामले की निष्पक्ष और गोपनीय जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) गठित करने की मांग की है। साथ ही मोबाइल लोकेशन, CDR, टोल रिकॉर्ड, वाहनों के स्वामित्व और कथित वित्तीय लेन-देन की जांच कराने का अनुरोध किया गया है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि एसडीओपी और व्यवसायी तथा उनकी पत्नी के बीच लंबे समय से संपर्क रहा है और कथित रूप से पुलिस पद के प्रभाव का इस्तेमाल व्यावसायिक हितों को संरक्षण देने के लिए किया गया। शिकायतकर्ता ने यह भी उल्लेख किया है कि ख्याति मिश्रा पूर्व में कटनी में सीएसपी के पद पर पदस्थ रही हैं।
वाहनों और यात्राओं के रिकॉर्ड की जांच की मांग
शिकायत में MP20 XD 9867, MP20 ZM 9867 और MP21 ZG 9001 नंबर के वाहनों का उल्लेख करते हुए कटनी, जबलपुर, भोपाल, मैहर और अमरपाटन के बीच कथित आवाजाही की जांच की मांग की गई है। इसके लिए टोल प्लाजा रिकॉर्ड, मोबाइल CDR और लोकेशन की जांच कराने का अनुरोध किया गया है।
दवाओं और नशीले पदार्थों को लेकर भी आरोप
शिकायतकर्ता ने व्यवसायी सोमेश शर्मा पर कथित रूप से नकली और एक्सपायरी दवाओं की खरीद-बिक्री तथा कफ सिरप एवं अन्य नशीली दवाओं के कारोबार से जुड़े होने के आरोप लगाए हैं। शिकायत में इन गतिविधियों को कथित पुलिस संरक्षण मिलने का भी आरोप है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। वास्तविक स्थिति संबंधित दवा प्रतिष्ठानों के लाइसेंस, स्टॉक, बिल, परिवहन रिकॉर्ड और औषधि विभाग की कार्रवाई की जांच से ही स्पष्ट हो सकती है।
वेयरहाउस और संपत्तियों की जांच की मांग
शिकायत में कटनी जिले के विजयराघवगढ़ तहसील क्षेत्र के कांटी ग्राम पंचायत के कुठरिया गांव स्थित शुभदा वेयरहाउस और सरगम वेयरहाउस का भी उल्लेख किया गया है। शिकायतकर्ता ने वहां साफ-सफाई, सीलन और अनाज खराब होने जैसी कथित अनियमितताओं की जांच के लिए भौतिक निरीक्षण की मांग की है।
इसके अलावा संबंधित संपत्तियों में कथित निवेश की जांच के लिए आय के स्रोत, संपत्ति दस्तावेज, बैंक लेन-देन और अन्य वित्तीय रिकॉर्ड की जांच कराने की मांग की गई है।
अवैध शराब और रेत कारोबार में वसूली का आरोप
शिकायत में अमरपाटन और रामनगर क्षेत्र में कथित अवैध शराब पैकारी तथा रेत कारोबार से मासिक वसूली के गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता ने दावा किया है कि कथित रकम को जमीन और अन्य संपत्तियों में निवेश किया जा रहा है।
हालांकि, शिकायत में लगाए गए सभी आरोप फिलहाल आरोप मात्र हैं और उनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में SIT या संबंधित एजेंसियों द्वारा दस्तावेजी और तकनीकी जांच किए जाने के बाद ही आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट हो सकेगी।
