
दूरसंचार महिला कल्याण संगठन की पहल, अधिकारियों और कर्मचारियों ने लगाए पौधे
भोपाल, 5 जून 2026। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) के मुख्य महाप्रबंधक कार्यालय एवं अरेरा टेलीफोन एक्सचेंज परिसर में पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन बीएसएनएल के दूरसंचार महिला कल्याण संगठन द्वारा किया गया, जिसमें अधिकारियों, कर्मचारियों और संगठन के सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता मीनाक्षी सिंह एवं मिथिलेश कुमार ने की। इस अवसर पर परिसर में विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए और उनके संरक्षण का संकल्प भी लिया गया।
हरित और स्वच्छ पर्यावरण के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मीनाक्षी सिंह ने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि प्रकृति और पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने और निभाने का अवसर है। उन्होंने कहा कि पौधारोपण पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सबसे प्रभावी कदमों में से एक है।
उन्होंने बताया कि संगठन का उद्देश्य पर्यावरण को स्वच्छ, हराभरा और ऑक्सीजन से समृद्ध बनाना है। साथ ही समाज के प्रति अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए लोगों को पर्यावरण संरक्षण के लिए जागरूक करना भी इस पहल का प्रमुख लक्ष्य है।
अधिकारियों और कर्मचारियों ने लिया संरक्षण का संकल्प
पौधारोपण कार्यक्रम में संगठन के पदाधिकारियों और सदस्यों के साथ बीएसएनएल के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। सभी ने पौधे लगाने के साथ-साथ उनके नियमित संरक्षण और देखभाल का संकल्प लिया।
प्रतिभागियों ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और हरित क्षेत्रों में कमी जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को पर्यावरण संरक्षण के प्रयासों में योगदान देना चाहिए।
पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की आवश्यकता
विशेषज्ञों का मानना है कि संस्थानों और संगठनों द्वारा इस प्रकार के पौधारोपण अभियान पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यदि प्रत्येक नागरिक वर्ष में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल सुनिश्चित करे, तो शहरों में हरित क्षेत्र बढ़ाने और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में बड़ी सफलता मिल सकती है।
विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से बीएसएनएल परिवार ने हरित, स्वच्छ और स्वस्थ पर्यावरण के निर्माण का संदेश देते हुए प्रकृति संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।



