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ोपाल। राजधानी भोपाल में अग्नि सुरक्षा मानकों का पालन नहीं करने वाले कोचिंग संस्थानों के खिलाफ नगर निगम ने कार्रवाई तेज कर दी है। शुक्रवार को नगर निगम के फायर सुरक्षा दल ने लालघाटी और इंद्रपुरी क्षेत्र में संचालित छह कोचिंग सेंटरों को सील कर दिया। नगर निगम के अनुसार, इन संस्थानों को सात दिन पहले अग्नि सुरक्षा संबंधी कमियां दूर करने का नोटिस दिया गया था, लेकिन निर्धारित अवधि में आवश्यक सुधार नहीं किए गए।
पहले दिया गया था सुधार का अवसर
नगर निगम और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने पिछले सप्ताह विभिन्न कोचिंग सेंटरों का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान कई संस्थानों में छात्रों की सुरक्षा के लिए आवश्यक अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाएं अधूरी या मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई थीं।
इसके बाद संबंधित संस्थानों को सात दिन के भीतर फायर सेफ्टी व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए थे। समय सीमा समाप्त होने के बाद शुक्रवार को कार्रवाई की गई।
इन कोचिंग संस्थानों पर हुई कार्रवाई
नगर निगम के अनुसार, निम्नलिखित संस्थानों को सील किया गया—
– एलन इंस्टीट्यूट (लालघाटी)
– अय्यूब खान कोचिंग (गोयल टॉवर, इंद्रपुरी)
– श्रेयांश कोचिंग
– कीर्तिमान अकादमी
– एब्सिल्यूट इंस्टीट्यूट
– एनआईटीडीपी ट्रेनिंग ऑनलाइन इंस्टीट्यूट
इससे पहले प्रशासन एमपी नगर जोन-2 स्थित दुर्रानी और अनएकेडमी नामक संस्थानों पर भी कार्रवाई कर चुका है। वहीं 25 जून को आईवी लाइब्रेरी को भी सील किया गया था।
निरीक्षण में मिलीं ये कमियां
नगर निगम उपायुक्त भुवन गुप्ता के अनुसार, निरीक्षण के दौरान कई संस्थानों में अग्निशमन व्यवस्था अधूरी पाई गई। कुछ स्थानों पर आपातकालीन निकास सीढ़ियां नहीं थीं, जबकि फायर हाइड्रेंट सिस्टम और ऑटोमैटिक फायर पैनल भी निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्यरत नहीं मिले। कुछ मामलों में फायर पैनल अलग जनरेटर से जुड़ा नहीं था, जिससे आपात स्थिति में सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित हो सकती थी।
नगर निगम का कहना है कि नेशनल बिल्डिंग कोड-2016 के तहत निर्धारित अग्नि सुरक्षा मानकों का पालन नहीं होने के कारण संबंधित भवनों को खाली कराकर सील किया गया।
अस्पतालों और अन्य संस्थानों में भी जारी रहेगा अभियान
नगर निगम उपायुक्त भुवन गुप्ता ने कहा कि छात्र-छात्राओं और आम नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से शहर में कोचिंग सेंटरों, अस्पतालों, नर्सिंग होम और अन्य सार्वजनिक संस्थानों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं की जांच का अभियान लगातार जारी रहेगा। जिन संस्थानों में निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जाएगा, उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।