भोपाल मंडल की वित्तीय प्रगति मजबूत, जुलाई में आय लक्ष्य से 10.96% अधिक

अप्रैल से जुलाई तक रेलवे मंडल ने कमाए ₹712.49 करोड़, माल यातायात से राजस्व में 28.84% की बढ़ोतरी
भोपाल। पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल मंडल ने वित्तीय वर्ष 2026-27 में राजस्व के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन किया है। जुलाई 2026 में मंडल की कुल आय 183.16 करोड़ रुपये रही, जो निर्धारित लक्ष्य 165.07 करोड़ रुपये से 10.96 प्रतिशत अधिक है। पिछले साल जुलाई की तुलना में कुल आय में 29.41 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
अप्रैल से जुलाई 2026 के बीच मंडल की कुल आय 712.49 करोड़ रुपये रही। यह निर्धारित लक्ष्य 696.03 करोड़ रुपये से 2.36 प्रतिशत अधिक है। पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में कुल आय में 16.25 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
यात्री आय और संख्या में भी बढ़ोतरी
जुलाई में यात्री आय 97.42 करोड़ रुपये रही, जो लक्ष्य से 2.98 प्रतिशत अधिक है। पिछले साल जुलाई की तुलना में इसमें 13.58 प्रतिशत वृद्धि हुई। अप्रैल-जुलाई के दौरान यात्री आय 365.18 करोड़ रुपये रही, जो लक्ष्य से 0.79 प्रतिशत अधिक है।
जुलाई में करीब 37.44 लाख यात्रियों ने भोपाल मंडल के स्टेशनों से यात्रा की। यह निर्धारित लक्ष्य से 6.15 प्रतिशत और पिछले साल जुलाई की तुलना में 8.65 प्रतिशत अधिक है। अप्रैल से जुलाई के दौरान यात्रियों की संख्या 145.50 लाख रही।
माल परिवहन से आय में 41.40% की बढ़ोतरी
माल यातायात ने मंडल के राजस्व में महत्वपूर्ण योगदान दिया। जुलाई में माल आय 74.28 करोड़ रुपये रही, जो लक्ष्य 52.53 करोड़ रुपये से 41.40 प्रतिशत अधिक है। पिछले साल जुलाई की तुलना में माल आय में 58.79 प्रतिशत वृद्धि हुई।
अप्रैल-जुलाई के दौरान माल आय 294.48 करोड़ रुपये रही, जो लक्ष्य से 14.74 प्रतिशत अधिक है। इस अवधि में पिछले वर्ष की तुलना में माल आय 28.84 प्रतिशत बढ़ी। जुलाई में करीब 0.61 मिलियन टन माल का परिवहन हुआ, जो पिछले साल के 0.41 मिलियन टन से 48.78 प्रतिशत अधिक है।
टिकट जांच से 3.75 करोड़ रुपये की आय
जुलाई में टिकट जांच अभियान से 3.75 करोड़ रुपये की आय हुई। यह निर्धारित लक्ष्य से 10.59 प्रतिशत और पिछले साल जुलाई की तुलना में 32.71 प्रतिशत अधिक है। अप्रैल-जुलाई के दौरान टिकट जांच से 17.50 करोड़ रुपये की आय हुई, जो पिछले वर्ष की समान अवधि से 11.80 प्रतिशत अधिक है।
इसके अलावा जुलाई में गैर-राजस्व किराया और वाणिज्यिक गतिविधियों से 28.41 लाख रुपये की आय हुई। अप्रैल-जुलाई के दौरान प्रचार से प्राप्त आय 2.64 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल की समान अवधि से 44.75 प्रतिशत अधिक है।
सीनियर डीसीएम सौरभ कटारिया ने बताया कि यात्री सुविधाओं में सुधार, संसाधनों के बेहतर उपयोग, माल परिवहन को बढ़ावा देने, टिकट जांच और वाणिज्यिक गतिविधियों के विस्तार से राजस्व बढ़ाने के प्रयास जारी हैं।





