देश में दरिंदगी की हदें पार – किन्नरों तक को नहीं छोड़ रहे दरिंदे, महिलाओं की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल

आज का समाज किस दिशा में जा रहा है, इसका एक और शर्मनाक उदाहरण सामने आया है। दरिंदों की हैवानियत अब इस हद तक पहुँच चुकी है कि किन्नर समुदाय, जो पहले से ही सामाजिक भेदभाव और उपेक्षा का शिकार हैं, अब सीधे हिंसा और अपराधों का निशाना बनाए जा रहे हैं।
ताजा मामला बेहद चौंकाने वाला है – कुछ दरिंदों ने एक किन्नर को बुरी तरह से घायल कर दिया, जिसका वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। शरीर पर गंभीर चोटों के निशान, और चेहरे पर पीड़ा साफ झलकती है। इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर कर दिया है – जब किन्नर तक सुरक्षित नहीं हैं, तो आम लड़कियों और महिलाओं की सुरक्षा की क्या उम्मीद की जा सकती है?
हमारे समाज में महिलाओं और कमजोर वर्गों पर हो रहे लगातार हमलों और अत्याचारों की बढ़ती घटनाएं न सिर्फ कानून व्यवस्था पर सवाल उठाती हैं, बल्कि समाज की मानसिकता पर भी गहरी चोट करती हैं।
आंखें खोलने की जरूरत है – यह कोई एक घटना नहीं, बल्कि उस बढ़ते खतरे का संकेत है जो हर लड़की, महिला और अब किन्नर समुदाय को घेर रहा है। अपराधियों को न तो कानून का डर है, न ही इंसानियत की परवाह।
अब समय है कि हम सब मिलकर आवाज़ उठाएं – ताकि कोई भी वर्ग, चाहे महिला हो या किन्नर, खुद को असहाय महसूस न करे।





