भोपाल । यात्रियों को सुरक्षित, स्वच्छ और नियमबद्ध यात्रा उपलब्ध कराने के लिए रेल प्रशासन ने बीना रेलवे स्टेशन पर औचक निरीक्षण कर सख्त कदम उठाए हैं। इस निरीक्षण का नेतृत्व रेलवे मजिस्ट्रेट श्री अनुराग खरे ने किया, जिसमें ट्रेनों की पैंट्री कारों, स्टेशन स्टालों और कोचों में यात्रियों की सुविधाओं और नियमों के पालन की स्थिति का गहन मूल्यांकन किया गया।
गाड़ी संख्या 12137, 12108, 12618 एवं 12138 की पैंट्री कारों में निरीक्षण के दौरान देखा गया कि कई फूड वेंडर बिना यूनिफॉर्म और गंदे कपड़ों में खाद्य सामग्री बेचते पाए गए। इसके अलावा, पैंट्री कारों में साफ-सफाई की स्थिति भी असंतोषजनक रही। इस पर संबंधित कर्मचारियों के विरुद्ध रेलवे अधिनियम के तहत त्वरित कार्रवाई की गई और सुधार के स्पष्ट निर्देश दिए गए।
बिना टिकट यात्रा पर बड़ी कार्रवाई:
रेलवे मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में स्लीपर और एसी कोचों में टिकट चेकिंग के दौरान 68 यात्री बिना वैध टिकट यात्रा करते पाए गए, जिनसे ₹33,590 का जुर्माना वसूला गया। कुछ यात्रियों को चलती ट्रेन में पायदान पर खड़े होकर यात्रा करते हुए पकड़ा गया, जिस पर रेलवे अधिनियम की धारा 156 के तहत कार्रवाई की गई। वहीं कुछ अन्य मामलों में अवैध चैन पुलिंग (धारा 141) की घटनाएं भी सामने आईं, जिन पर भी दंडात्मक कदम उठाए गए।
बीना स्टेशन पर स्टाल और रिफ्रेशमेंट रूम की जांच:
निरीक्षण के दौरान बीना स्टेशन के कई फूड स्टाल्स बिना लाइसेंस संचालन करते पाए गए, और कई स्थानों पर साफ-सफाई की भारी कमी मिली। इन मामलों में धारा 144 और 145 के तहत कार्रवाई करते हुए संबंधित लोगों पर जुर्माना लगाया गया। इसके अलावा, रिफ्रेशमेंट रूम के प्रबंधक और एक कर्मचारी को गंदगी के लिए ₹2500-₹2500 का अर्थदंड दिया गया।
कुल 317 लोगों के विरुद्ध की गई कार्रवाई:
रेलवे की इस विशेष औचक जांच अभियान के तहत कुल 317 व्यक्तियों के खिलाफ रेलवे अधिनियम के विभिन्न प्रावधानों के तहत कार्रवाई की गई, और ₹3,16,320 का जुर्माना वसूला गया।
रेलवे मजिस्ट्रेट श्री अनुराग खरे ने कहा कि यात्रियों को बेहतर सुविधा, स्वच्छ वातावरण और सुरक्षा देने के लिए इस तरह के औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे। उन्होंने यात्रियों से अपील की कि वे रेल नियमों का पालन करें, स्वच्छता बनाए रखें और रेलवे के साथ मिलकर सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करें।
रेलवे समाचार: बीना रेलवे स्टेशन पर रेलवे मजिस्ट्रेट की औचक जांच, गंदगी, अनियमितता और बिना टिकट यात्रा पर बड़ी कार्रवाई — 3 लाख से अधिक जुर्माना वसूला गया
