भोपाल में खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने मेडिकल स्टोर्स के औचक निरीक्षण के दौरान नियमों के उल्लंघन पर 3 लाइसेंस निरस्त, 8 निलंबित और 21 मेडिकल स्टोर संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए।
भोपाल। खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने राजधानी भोपाल में विभिन्न मेडिकल स्टोर्स का औचक निरीक्षण कर नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। जांच के दौरान अनियमितताएं मिलने पर 32 मेडिकल स्टोर्स के विरुद्ध कार्रवाई की गई, जिसमें 3 मेडिकल स्टोर्स के लाइसेंस निरस्त, 8 के लाइसेंस निलंबित तथा 21 संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं।
बिना फार्मासिस्ट और बिना प्रिस्क्रिप्शन दवा बिक्री पर कार्रवाई
खाद्य एवं औषधि प्रशासन के अनुसार, आनंद नगर स्थित शोवा मेडिकल और हताईखेड़ा स्थित तिरुपति मेडिकल स्टोर का लाइसेंस बिना पंजीकृत फार्मासिस्ट के दवा विक्रय किए जाने के कारण निरस्त कर दिया गया।
इसके अलावा आनंद नगर स्थित श्रीराम ट्रेडर्स का लाइसेंस बिना पंजीकृत चिकित्सक के प्रिस्क्रिप्शन के शेड्यूल H1 श्रेणी की दवाओं की बिक्री करने के आरोप में निरस्त किया गया। इन तीनों प्रतिष्ठानों की दवा विक्रय अनुमति पूरी तरह समाप्त कर दी गई है।
8 मेडिकल स्टोर्स के लाइसेंस निलंबित
निरीक्षण के दौरान बिना फार्मासिस्ट के दवा बेचने वाले 5 मेडिकल स्टोर्स तथा चिकित्सकीय परामर्श के बिना शेड्यूल H श्रेणी की दवाएं बेचने वाले 3 मेडिकल स्टोर्स के लाइसेंस निलंबित किए गए हैं।
इसके अलावा विभिन्न अनियमितताओं के मामले में 21 मेडिकल स्टोर संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।
कलेक्टर के निर्देश पर नियमित जांच अभियान
खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने बताया कि नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन के निर्देशों के अनुरूप औषधि निरीक्षक नियमित रूप से मेडिकल स्टोर्स में दवाओं के क्रय-विक्रय की जांच कर रहे हैं।
कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने भी मेडिकल स्टोर्स की नियमित जांच कर नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इन कार्रवाइयों की समीक्षा जिला स्तरीय टीएल (टाइम लिमिट) बैठकों में भी की जा रही है।
सीएमएचओ ने नियमों का पालन करने की दी हिदायत
सीएमएचओ एवं उप संचालक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन डॉ. मनीष शर्मा ने बताया कि औषधि एवं प्रसाधन अधिनियम, 1940 तथा उससे संबंधित नियमों के अनुसार शेड्यूल H और H1 श्रेणी की दवाओं की बिक्री केवल पंजीकृत चिकित्सक के वैध प्रिस्क्रिप्शन पर ही की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वाले दवा विक्रेताओं के विरुद्ध औषधि एवं प्रसाधन नियम, 1945 के नियम 65(iii), 65(iv) और 65(vi) के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
आम नागरिकों से अपील
खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे बिना चिकित्सकीय परामर्श के शेड्यूल श्रेणी की दवाएं न खरीदें तथा दवा खरीदते समय अधिकृत मेडिकल स्टोर से ही बिल के साथ दवाएं प्राप्त करें।