बोकारो । झारखंड के बोकारो जिले के ताराटांड़ थाना क्षेत्र में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसमें एक पुलिस अधिकारी द्वारा की गई बर्बरता से एक निर्दोष हिंदू ड्राइवर की जान चली गई। आरोप है कि ताराटांड़ थाने में पदस्थापित एएसआई (ASI) मुशा खान ने एक ड्राइवर को सिर्फ इसलिए बेरहमी से पीटा, क्योंकि उसके पास ₹50 नहीं थे। यह अमानवीय कृत्य न सिर्फ मानवता के खिलाफ है, बल्कि कानून के रक्षक द्वारा कानून का खुला उल्लंघन भी है।
स्थानीय रिपोर्ट्स के अनुसार, पीड़ित ड्राइवर से कथित रूप से पैसे की मांग की गई थी, और जब वह ₹50 देने में असमर्थ रहा, तो एएसआई मुशा खान ने उसे गंभीर रूप से पीटा। इस पिटाई के चलते ड्राइवर की मौत हो गई। यह घटना क्षेत्र में आक्रोश और दुख का कारण बन गई है। नागरिक समाज, सामाजिक संगठनों और आम जनता ने इस कृत्य की कड़ी निंदा की है।
इस घटना ने झारखंड में पुलिसिया बर्बरता और सांप्रदायिक तनाव जैसे मुद्दों को फिर से चर्चा के केंद्र में ला दिया है। लोगों का कहना है कि अगर ड्राइवर के पास ₹50 होते, तो शायद उसकी जान बच सकती थी — यह सोच बेहद पीड़ादायक और शर्मनाक है।
पुलिस प्रशासन और सरकार से मांग की जा रही है कि आरोपी एएसआई मुशा खान को तुरंत गिरफ्तार कर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
झारखंड ताराटांड़ में ASI मुशा खान द्वारा हिंदू ड्राइवर की पिटाई से मौत, सांप्रदायिक तनाव और पुलिस बर्बरता पर उठे सवाल
