हार्टफुलनेस संस्थान और विक्रम विश्वविद्यालय के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर, दीक्षांत समारोह में राज्यपाल और मुख्यमंत्री की उपस्थिति

उज्जैन: विक्रम विश्वविद्यालय के 29वें दीक्षांत समारोह के दौरान हार्टफुलनेस संस्थान और विक्रम विश्वविद्यालय के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इस समझौते का उद्देश्य छात्रों, शिक्षाविदों, शिक्षकों और प्रबंधन को हार्टफुलनेस ध्यान और समग्र कल्याण की तकनीकों से जोड़ना है। साथ ही, यह कृषि और स्थायित्व संबंधी तकनीकी ज्ञान के आदान-प्रदान को भी बढ़ावा देगा।
समझौते का उद्देश्य और लाभ
यह समझौता कॉलेज, संस्थानों और विश्वविद्यालयों के छात्रों, शिक्षकों, कर्मचारियों और प्रशासनिक अधिकारियों को हार्टफुलनेस संस्थान द्वारा विकसित पाठ्यक्रमों और कार्यक्रमों तक पहुंच प्रदान करेगा। ये पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 की सिफारिशों के अनुरूप होंगे और पर्यावरणीय स्थिरता तथा टिकाऊ प्रौद्योगिकियों पर केंद्रित होंगे।
हार्टफुलनेस के मार्गदर्शक और श्री राम चंद्र मिशन के अध्यक्ष श्रद्धेय दाजी ने इस समझौते पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा, “इस साझेदारी से ज्ञान हस्तांतरण और संसाधनों का साझा उपयोग होगा, जिससे छात्रों को अभूतपूर्व लाभ मिलेगा।”
श्रद्धेय दाजी का संदेश: ध्यान और आत्मविकास का महत्व
दीक्षांत समारोह में छात्रों को संबोधित करते हुए श्रद्धेय दाजी ने ध्यान के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि “ध्यान तनाव से मुक्ति और आत्मविकास का सबसे प्रभावी माध्यम है। यह न केवल कर्म के बंधन से मुक्त करता है बल्कि हमें ईश्वर की इच्छा के प्रति समर्पण की भावना भी सिखाता है।”
मुख्यमंत्री और राज्यपाल की गरिमामयी उपस्थिति
दीक्षांत समारोह में मध्य प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री श्री मोहन यादव और माननीय राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल की उपस्थिति रही। इस अवसर पर श्रद्धेय दाजी को मानद डी. लिट उपाधि से सम्मानित किया गया, जिसे राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल ने प्रदान किया।
विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति
इस अवसर पर उच्च शिक्षा मंत्री श्री इंद्र सिंह परमार, सांसद बालयोगी श्री उमेशनाथ महाराज, सांसद श्री अनिल फिरोजिया, विधायक श्री अनिल जैन कालूहेड़ा सहित कई गणमान्य उपस्थित थे।
विशेष कार्यक्रम और गतिविधियाँ
एनसीसी कैडेट्स और एनएसएस के आदिवासी छात्रों ने समारोह में शानदार प्रदर्शन किया।
सम्राट विक्रमादित्य की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की गई।
एनसीसी कैडेट्स द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
सरस्वती पूजा और पौधारोपण (पारिजात, साल और श्रीफल के पौधे) किया गया।
विक्रम विश्वविद्यालय द्वारा प्रकाशित तीन पुस्तकों का विमोचन हुआ।
हार्टफुलनेस संस्थान के अन्य समझौते
इससे पहले हार्टफुलनेस संस्थान ने AICTE और ICAR जैसे प्रमुख संस्थानों के साथ समझौता ज्ञापन किए हैं, जिससे हजारों छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों को लाभ मिला है।
हार्टफुलनेस: ध्यान और आत्मविकास की एक वैश्विक पहल
हार्टफुलनेस ध्यान और जीवन शैली में सकारात्मक बदलाव के माध्यम से आंतरिक शांति, करुणा, साहस और स्पष्टता को बढ़ावा देता है। 1945 में स्थापित श्री राम चंद्र मिशन के अंतर्गत, हार्टफुलनेस अभ्यास 160 से अधिक देशों में 5,000 से अधिक केंद्रों में उपलब्ध हैं।
यह प्रणाली हजारों स्कूलों, कॉलेजों और कॉर्पोरेट संगठनों में लागू की जा रही है, जिससे लाखों लोग लाभान्वित हो रहे हैं। हार्टफुलनेस का उद्देश्य एक शांत, खुशहाल और जागरूक समाज का निर्माण करना है।





