
दीपक सिंह जादौन, संवाददाता
भिंड । जिले में बनने वाली रोडों पर भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही है। इन रोडों की लागत लाखों करोड़ रुपए से ज्यादा हो रही है, लेकिन उनका निर्माण अधिकारियों के बिना देखरेख के हो रहा है। जिले में बनने वाली कई रोडों को अधिकारियों की साथ गांठ के चलते चढ़ रही है भ्रष्टाचारी की भेंट।
अधिकारियों को अवगत कराने के बावजूद भी इन रोडों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। रोडों के निर्माण में घटिया निर्माण कराने के बावजूद भी बिलो को धड़ल्ले से पास किया जा रहा है।
जिले में बनने वाली रोडों पर भ्रष्टाचार को लेकर जिला प्रशासन आखिर कार चुप्पी साधे क्यों बैठा हुआ है? क्या अधिकारियों की बीच में कोई मजबूरी है जो उन्हें भ्रष्टाचार को नहीं रोकने में आगे बढ़ने से रोक रही है? यह सवाल जनता के मन में उठ रहा है।
कमीशन के इंतजार में दुकान खोले हुए बैठे हैं अधिकारी, और रोडों के कार्य में ठेकेदारों द्वारा कार्य के नाम पर की जा रही है लीपापोती। जब भ्रष्टाचार को पनपनें में खुद अधिकारी ही संरक्षण देने लगें हुए हो, तो आम जनता अपनी समस्याओं को लेकर आखिर जाए, तो कहां जाए?



