कानपुर के रीजेंसी हॉस्पिटल में बड़ा हंगामा – मौत के बाद भी जारी रहा इलाज, लाखों का बिल थमाया

कानपुर । शहर के प्रतिष्ठित समझे जाने वाले रीजेंसी हॉस्पिटल में एक बार फिर लापरवाही और मनमानी का मामला सामने आया है। मरीज की मौत हो जाने के बाद भी हॉस्पिटल ने इलाज जारी रखने का नाटक किया और परिजनों को लाखों रुपये का बिल थमा दिया। इसको लेकर परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया।
क्या है पूरा मामला?
पीड़ित परिवार का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने मरीज की मौत होने के बावजूद उन्हें इस बारे में जानकारी नहीं दी और लगातार इलाज के नाम पर दवाइयां व मशीनें चलती रहीं। जब परिजनों को शक हुआ और उन्होंने सवाल उठाया, तो उन्हें एक भारी भरकम बिल थमा दिया गया, जो लाखों में था।
रीजेंसी हॉस्पिटल पहले भी रह चुका है विवादों में
यह पहली बार नहीं है जब रीजेंसी हॉस्पिटल कानपुर लापरवाही और बिलिंग घोटाले को लेकर चर्चा में आया हो। इससे पहले भी कई बार अस्पताल प्रबंधन पर अनैतिक तरीकों से पैसे वसूलने के आरोप लग चुके हैं। लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है, जिससे मरीजों और उनके परिजनों में भारी आक्रोश है।
परिजनों का आरोप और मांग
हंगामा कर रहे परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर आरोप लगाया कि वे केवल पैसे कमाने के लिए इलाज का दिखावा करते हैं और मरीजों की हालत की सही जानकारी नहीं देते। परिजनों ने इस मामले में स्वास्थ्य विभाग से जांच की मांग की है और रीजेंसी हॉस्पिटल का लाइसेंस रद्द करने की अपील की है।
हॉस्पिटल प्रबंधन की सफाई
हालांकि अस्पताल प्रबंधन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि वे इस पूरे मामले को गलतफहमी बता रहे हैं। वहीं, स्थानीय पुलिस और प्रशासन भी अब मामले की प्राथमिक जांच में जुट गए हैं।
यह मामला न सिर्फ मेडिकल नैतिकता को ठेस पहुंचाता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि कैसे कुछ प्राइवेट अस्पताल मरीजों की मजबूरी का फायदा उठाकर उन्हें आर्थिक और मानसिक रूप से शोषित कर रहे हैं।





