किसानों की मदद के लिए आगे आए ये तीन संगठन, बात मानी तो इस तरह फायदे में रहेंगे अन्नदाता: Latest News

Judicious use of Pesticides

किसान इन दिनों कीटनाशकों (Pesticides) से जुड़ी दो बड़ी समस्याओं का सामना कर रहे हैं. पहला नकली कीटनाशक और दूसरा असली वालों का अवैज्ञानिक इस्तेमाल. इससे फसल में इसका तय मात्रा से अधिक अवशेष पाया जा रहा है. जिससे उन्हें एक्सपोर्ट के मामले में झटका लग रहा है. इस समस्या के निदान के लिए तीन संगठनों ने मिलकर किसानों को जागरूक करने का फैसला लिया है. ताकि वे असली कीटनाशक खरीदें, उसका उतना ही इस्तेमाल करें जितना करना बहुत जरूरी है और जिस दवा का इस्तेमाल होना चाहिए उसी को खरीदें.

कॉन्फेडरेशन ऑफ एनजीओ ऑफ इंडिया (CNRI), हिंदुस्तान इंसेक्टिसाइड्स लिमिटेड (HIL) और राम नारायण फाउंडेशन (Ram Narayan Foundation) ने देश में 150 जगहों पर किसानों के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने का फैसला लिया है. ताकि उनकी फसलों में कीटनाशक का अधिकतम अवशेष स्तर ( MRL-Maximum Residue level) उतना ही रहे जितना कि एक्सपोर्ट के लिए जरूरी है. वरना अधिक होने पर एक्सपोर्ट नहीं हो पाएगा. इन कार्यक्रमों में कृषि विशेषज्ञ विस्तार से जानकारी देंगे.

कृषि निर्यात में बढ़ेगी हमारी धाक

किसानों के दम पर भारत 2019 में कृषि उत्पादों का निर्यात करने वाले टॉप 10 देशों में शामिल हो गया है. विश्व व्यापार संगठन ( WTO) के 25 साल के एग्री एक्सपोर्ट ट्रेंड के मुताबिक भारत चावल, कॉटन, सोयाबीन और मीट के एक्सपोर्ट में दुनिया के शीर्ष देशों में शामिल हो चुका है.

कुल कृषि उत्पाद निर्यात (Agriculture Export) में भारत 3.1 फीसदी हिस्सेदारी के साथ नौवें नंबर पर है. सीएनआरआई के महासचिव बीके आनंद का कहना है कि कीटनाशकों के सही इस्तेमाल से विश्व स्तर पर कृषि निर्यात में हमारी धाक और देश की प्रतिष्ठा बढ़ेगी. इसलिए किसानों को कीटनाशकों के सही इस्तेमाल की जानकारी देना जरूरी है.

बासमती के उदाहरण से समझिए खतरा

यूरोपीय संघ, अमेरिका और खाड़ी देशों ने अब भारतीय बासमती चावल (Basmati Rice) में कीटनाशकों के अंश अधिकतम अवशेष सीमा से ज्यादा पाए जाने के कारण सख्त हो गए हैं. बताया गया है कि इसलिए यूरोपीय देशों में कुछ साल पहले एक्सपोर्ट घट गया था.

यूरोपीय संघ ने ट्राईसाईक्लोजोल एवं आइसोप्रोथिओलेन जैसे कीटनाशकों के एमआरएल को प्रति किलो 0.01 मिलिग्राम निर्धारित किया है. इसलिए जिन्होंने अनियंत्रित तरीके से कीटनाशकों का इस्तेमाल किया उन्हें घाटा हुआ. यूरोपियन यूनियन और ईरान जैसे बाजारों हमारा हजारों करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है.

यूरोपियन यूनियन इस पर काफी सख्त है. उसकी ऑडिट रिपोर्ट आने के बाद भारत साल 2018 से ही बासमती के एक्सपोर्ट में परेशानियों का सामना कर रहा है. ऑडिट रिपोर्ट के मुताबिक 1128 सैंपल की जांच की गई थी. इनमें से 45 में कीटनाशक अंश की मात्रा तय मानक से भी अधिक पाई गई थी. इसलिए किसी भी फसल में वैज्ञानिकों द्वारा तय मात्रा और अनुमोदित कीटनाशकों का प्रयोग करना ही किसानों के हित में है.

कब कहां होंगे जागरूकता कार्यक्रम

-25 सितंबर को कर्नाटक के कलबुर्गी जिले के आलंद में.
-26 सितंबर को कर्नाटक के गुलबर्ग जिले के बीदर क्षेत्र में आने वाले चिंचौली में.
-27 सितंबर-कर्नाटक के कलबुर्गी जिले के औरद में.
-27 सितंबर को ही मध्य प्रदेश के होशंगाबाद में.
-1 अक्टूबर को असम के जोरहाट में.
-अक्टूबर में ही 10 कार्यक्रम बिहार में होंगे.
-इससे पहले तीन कार्यक्रम आयोजित हो चुके हैं.

समय की मांग है कीटनाशकों का विवेकपूर्ण उपयोग

रामनारायण फाउंडेशन के प्रमुख जितेंद्र शर्मा के मुताबिक कीटनाशकों का विवेकपूर्ण उपयोग (Judicious use of Pesticides) किसानों के हित में है. कर्नाटक में अदरक उत्पादन के हब बीदर से ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों की श्रृंखला शुरू की गई है. उपज में एमआरएल को कम करना समय की मांग है. ताकि वैश्विक बाजार में यहां के एग्री प्रोडक्ट को निर्यात करने में दिक्कत न आए.

ये भी पढ़ें: गुजरात, बिहार और इन राज्यों ने मोदी सरकार की फसल बीमा योजना से किया तौबा, जानिए क्यों हुआ ऐसा?

ये भी पढ़ें: पांच साल में 34.5 हजार किसानों ने की आत्महत्या, ओडिशा की घटना के बाद सरकारी खरीद पर बड़ा सवाल

Name

General knowledge,2,Latest news,3754,अंतर्राष्ट्रीय,27,खेल,10,मध्यप्रदेश,1107,मनोरंजन,18,राजनीति,48,राष्ट्रीय,191,शिक्षा,16,स्वास्थ्य,68,
ltr
item
PRAJA PARKHI: किसानों की मदद के लिए आगे आए ये तीन संगठन, बात मानी तो इस तरह फायदे में रहेंगे अन्नदाता: Latest News
किसानों की मदद के लिए आगे आए ये तीन संगठन, बात मानी तो इस तरह फायदे में रहेंगे अन्नदाता: Latest News
https://images.tv9hindi.com/wp-content/uploads/2021/09/organic-pesticides-1-1024x576.jpg
PRAJA PARKHI
https://www.prajaparkhi.page/2021/09/latest-news_763.html
https://www.prajaparkhi.page/
https://www.prajaparkhi.page/
https://www.prajaparkhi.page/2021/09/latest-news_763.html
true
8551324065602745983
UTF-8
Loaded All Posts Not found any posts VIEW ALL Readmore Reply Cancel reply Delete By Home PAGES POSTS View All RECOMMENDED FOR YOU LABEL ARCHIVE SEARCH ALL POSTS Not found any post match with your request Back Home Sunday Monday Tuesday Wednesday Thursday Friday Saturday Sun Mon Tue Wed Thu Fri Sat January February March April May June July August September October November December Jan Feb Mar Apr May Jun Jul Aug Sep Oct Nov Dec just now 1 minute ago $$1$$ minutes ago 1 hour ago $$1$$ hours ago Yesterday $$1$$ days ago $$1$$ weeks ago more than 5 weeks ago Followers Follow THIS PREMIUM CONTENT IS LOCKED STEP 1: Share to a social network STEP 2: Click the link on your social network Copy All Code Select All Code All codes were copied to your clipboard Can not copy the codes / texts, please press [CTRL]+[C] (or CMD+C with Mac) to copy Table of Content